सीएम गहलोत ने कहा- देश की अर्थव्यवस्था में प्रवासी राजस्थानियों के योगदान पर प्रदेश को गर्व है


मुम्बई/जयपुर. मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा कि दूर रहकर भी प्रवासी राजस्थानियों ने अपनी माटी से जुड़ाव बनाए रखा है। किसी भी तकलीफ में मदद के लिए वे हमेशा तैयार खड़े रहते हैं। देश की अर्थव्यवस्था में प्रवासी राजस्थानियों के योगदान पर न केवल राजस्थान बल्कि पूरे देश को गर्व है।



गहलोत रविवार को मुंबई के गोरेगांव में जयपुर प्रवासी संघ के 14वें वार्षिकोत्सव को संबोधित कर रहे थे। राजस्थान के उद्यमियों ने देश के हर क्षेत्र में नाम कमाया है। आजादी से लेकर अब तक बांगड़, बिड़ला, गोयनका, मित्तल, अग्रवाल, सिंघानिया, बजाज सहित कई घरानों ने भारत की आर्थिक उन्नति में अहम योगदान दिया है। सीएम ने  कहा कि राजस्थान आज तेज गति से प्रगति कर रहा है। शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क, बिजली, पानी हर क्षेत्र में बेमिसाल तरक्की की है। उद्योग के क्षेत्र में राजस्थान में बेहतरीन काम हो रहा है। हम ऐसी योजनाएं एवं नीतियां लेकर आए हैं, जिससे उद्यमी आसानी से निवेश कर सकें। प्रदेश में स्थापित हो रही रिफाइनरी और पेट्रो-केमिकल काॅम्प्लेक्स के जरिए 40 हजार करोड़ रूपये का निवेश हो रहा है, जिससे बड़ी संख्या में रोजगार के अवसर उपलब्ध होंगे। प्रदेश में खनिज के प्रचुर भण्डार हैं और पर्यटन के क्षेत्र में अपार संभावनाएं मौजूद हैं। 



अब राजस्थान की पहचान अकाल और सूखे से नहीं बल्कि तेजी से बढ़ते राज्य के रूप में होती है। सामाजिक सुरक्षा के क्षेत्र में हमारी सरकार ने एक से बढ़कर एक फैसले किए हैं, चाहे वह मुफ्त दवा योजना हो या सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजनाएं। उन्होंने जयपुर में हुए विकास कार्यों की चर्चा करते हुए कहा कि पिछले 20 साल में मेट्रो ट्रेन, घाट की गूणी टनल, जेएलएन मार्ग सहित विभिन्न प्रोजेक्ट्स से जयपुर का कायाकल्प हो गया है। 



गहलोत ने देश के आर्थिक हालातों पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि वर्तमान में हमारा प्रयास होना चाहिए कि जीडीपी कैसे बढ़े और अर्थव्यवस्था कैसे मजबूत हो। उन्होंने कहा कि इन मुश्किल हालातों में भी राजस्थान में औद्योगिक निवेश बढ़ाने के लिए राज्य सरकार कोई कसर नहीं छोड़ रही है। इस मौके परआरटीडीसी के पूर्व चेयरमैन राजीव अरोड़ा, जयपुर प्रवासी संघ के संरक्षक दिलीप राठी, संघ के संस्थापक संरक्षक कृष्ण कुमार राठी ने भी संबोधित किया।